गोरखपुर में मिलावट का खेल: खराब सिंघाड़े से बना रहे आटा…तिन्नी का चावल भी केमिकल वाला- ऐसे करें पहचान
संवाददाता गोरखपुर
जयप्रकाश यादव
गोरखपुर कुट्टू का आटा ग्लूटेन-मुक्त आटा है, जो फाइबर और कॉम्प्लेक्स कार्ब्स से भरपूर होता है। नवरात्र या किसी व्रत में इसका इस्तेमाल ज्यादा होता है। दरअसल, शहर के धंधेबाजों ने कुट्टू का स्टॉक मंगवाकर पहले ही रख लिया था। नवरात्र से पहले इसे पीसकर छोटे पैकेट में भरकर दुकानों तक पहुंचा दिया।
नवरात्र में यह आपको सावधान करने वाली खबर है। ऐसा इसलिए कि व्रत में इस्तेमाल की जाने वाली खाद्य सामग्रियों पर भी धंधेबाजों की तिरछी नजर है। कुट्टू का आटा हो या तिन्नी का चावल, कुछ भी साफ-सुथरा बचा नहीं है। कुट्टू के आटे में खराब सिंघाड़े के आटे को मिलाकर बेचा जा रहा है तो तिन्नी के चावल की जगह आम चावल को केमिकल से रंग कर धंधेबाज बेच रहे हैं
कुट्टू का आटा ग्लूटेन-मुक्त आटा है, जो फाइबर और कॉम्प्लेक्स कार्ब्स से भरपूर होता है। नवरात्र या किसी व्रत में इसका इस्तेमाल ज्यादा होता है। दरअसल, शहर के धंधेबाजों ने कुट्टू का स्टॉक मंगवाकर पहले ही रख लिया था। नवरात्र से पहले इसे पीसकर छोटे पैकेट में भरकर दुकानों तक पहुंचा दिया

ABOUT EDITOR
Latest entries
BlogApril 20, 2025आपस में भिड़े भाजपा के युवा नेता – भाजयुमो और एबीवीपी नेता आपस में भिड़े, एक के खिलाफ हत्या का प्रयास का मामला दर्ज
BlogApril 20, 2025निपानी हत्याकांड के आरोपी को पकडने बालोद पुलिस को मिली बड़ी सफलता
BlogApril 20, 2025मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में जगदलपुर कलेक्टर कार्यालय में बस्तर संभाग स्तरीय समीक्षा बैठक शुरू
BlogApril 20, 2025महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण

